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Amar Ujala My City

मंदिर में प्रसाद की जगह शिमला मिर्च चढ़ा आए डॉ. धनखड़, खूब हंसे दर्शक

An Amar Ujala My City report covers a Chandigarh performance of ‘आओ थोड़ा मुस्कुरा लें’.

By संवाद न्यूज़ एजेंसीCoverage of the production

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पंजाब कला भवन में कॉमेडी नाटक ‘आओ थोड़ा मुस्कुरा लें’ ने दर्शकों का किया मनोरंजन

चंडीगढ़। सेक्टर-16 के पंजाब कला भवन में शनिवार को कॉमेडी नाटक ‘आओ थोड़ा मुस्कुरा लें’ का मंचन हुआ। नाटक में भुलक्कड़ डॉ. धनखड़ के किरदार ने दर्शकों को खूब हंसाया। वह मंदिर में प्रसाद की जगह शिमला मिर्च चढ़ाकर आते हैं।

नाटक का मंचन वीएमएस फाउंडेशन अंबाला की ओर से और चंडीगढ़ संगीत नाटक अकादमी के सहयोग से हुआ। इस नाटक का लेखन और निर्देशन कमलेश शर्मा ने किया है। नाटक में उन्होंने डॉ. धनखड़ की पत्नी की भूमिका भी निभाई। कमलेश शर्मा ने कहा कि भागते, दौड़ते और तनाव से भरी जिंदगी में वे थोड़ी देर के लिए ऐसा पल समेटना चाहते हैं कि लोग [unclear] अंदाज में हंस सकें।

नाटक में डॉ. धनखड़ डॉक्टर ऑफ लिटरेचर हैं। वह हमेशा भूल जाते हैं। इस बात से उनकी पत्नी परेशान और चिड़चिड़ी रहती हैं। उनकी पत्नी कहती है कि आप गोलगप्पे हो। मंदिर में प्रसाद चढ़ा देना और लौटते वक्त शिमला मिर्च लेते आना। इस बार भी डॉक्टर साहब भूल गए। मंदिर में शिमला मिर्च चढ़ा आए। इस पर उनकी पत्नी गुस्सा होती है और [unclear], दर्शकों की हंसी छूट जाती है। इसमें एक ब्लाइंड हीरो भी है। वह हकलाकर बोलता है। हंसी का अंदाज सबको गुदगुदा देता है। डॉक्टर साहब का एक पड़ोसी है वह उनसे हमेशा चीनी, चायपत्ती, दूध आदि मांगने आते हैं। दक्षिण भारत के मूल का एक नौकर है, जिसका नाम गुल्ली है। उसके काम और बोलने पर सभी की हंसी छूट जाती है।

नाटक से दिया कड़वाहट छोड़ मिलकर रहने का संदेश

डॉक्टर की बेटी स्नेहा (आरती धीमान) ने अपने अभिनय से शानदार संदेश दिया। उन्होंने अपने संवाद में कहा कि आसपास लोगों में कितनी कड़वाहट है। छोटी छोटी बातों को तूल देकर आपस में झगड़ते रहते हैं। अपने अहम की वजह से अपने भले रिश्तों को बर्बाद कर देते हैं। कदम कदम पर एक दूसरे को नीचा दिखाने की कोशिश करते रहते हैं। हम सबको छोड़कर सबको मिलजुलकर रहना चाहिए। इस पर लोगों ने तालियां बजाईं। नाटक में अभिनव शर्मा, आकाश शर्मा, विशाल सिंह, कपिल, आरती धीमान, कमलेश शर्मा ने अपनी प्रस्तुति दी। नाटक की अवधि एक घंटा 10 मिनट की रही।

चित्र: पंजाब कला भवन में नाटक का मंचन करते कलाकार। संवाद

Article text and photographs belong to the credited publication and contributors. Presented here as part of the production’s press record.

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Amar Ujala My City clipping: मंदिर में प्रसाद की जगह शिमला मिर्च चढ़ा आए डॉ. धनखड़, खूब हंसे दर्शक

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